Thursday, October 22

यूपी में सीट बंटवारे पर सपा-कांग्रेस में खींचतान, एसपी सिंह पटेल ने कांग्रेस की 150 सीटों की दावेदारी पर उठाए सवाल


सपा सांसद बोले—150 सीटों की मांग बड़ी हिस्सेदारी के बराबर; कांग्रेस के पास उम्मीदवारों को लेकर भी सवाल, गठबंधन पर फैसला शीर्ष नेतृत्व करेगा

(SDNA) प्रतापगढ़। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के बीच प्रस्तावित गठबंधन में सीट बंटवारा अहम मुद्दा बनता जा रहा है। कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने हाल में कहा था कि पार्टी गठबंधन के तहत कम से कम 150 सीटों पर चुनाव लड़ना चाहती है और सीट बंटवारे को अक्टूबर में अंतिम रूप दिए जाने की संभावना है।

इसी बीच प्रतापगढ़ से समाजवादी पार्टी के सांसद एसपी सिंह पटेल ने कांग्रेस की इस दावेदारी पर असहमति जताई है। उन्होंने 150 सीटों की मांग को अनुचित बताते हुए कहा कि सीटों का बंटवारा राजनीतिक स्थिति और उपलब्ध उम्मीदवारों को ध्यान में रखकर होना चाहिए।

‘150 सीट यानी करीब आधी विधानसभा’

एसपी सिंह पटेल ने कांग्रेस की दावेदारी पर सवाल उठाते हुए कहा कि 150 सीटों की मांग उत्तर प्रदेश विधानसभा की 403 सीटों में बड़ी हिस्सेदारी के बराबर है। उनके मुताबिक कांग्रेस के लिए इतनी बड़ी संख्या में सीटों पर चुनाव लड़ने की मांग उचित नहीं है।

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उन्होंने यह भी कहा कि गठबंधन में कांग्रेस को सीमित संख्या में सीटें मिलने पर भी उसे चुनावी लाभ लेने पर ध्यान देना चाहिए। हालांकि, सीटों की वास्तविक संख्या पर अंतिम निर्णय दोनों दलों के शीर्ष नेतृत्व के बीच बातचीत से होना है।

कांग्रेस का दावा—403 सीटों के लिए तैयारी

कांग्रेस के उत्तर प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने कहा है कि पार्टी ने प्रदेश की सभी 403 विधानसभा सीटों पर तैयारी की है और उसके पास सभी सीटों के लिए संभावित उम्मीदवार मौजूद हैं। उन्होंने यह भी कहा था कि गठबंधन की स्थिति में कांग्रेस 150 से कम सीटों पर चुनाव नहीं लड़ेगी।

कांग्रेस की ओर से यह रुख सामने आने के बाद सीट बंटवारे को लेकर सपा के साथ बातचीत का मुद्दा और महत्वपूर्ण हो गया है।

सपा ने 350 सीटों पर तैयारी का संकेत दिया

कांग्रेस की 150 सीटों की दावेदारी के बीच समाजवादी पार्टी की ओर से भी अपनी चुनावी तैयारी का दायरा स्पष्ट किया गया है। रिपोर्टों के मुताबिक पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने 403 सदस्यीय विधानसभा में करीब 350 सीटों पर तैयारी करने का संकेत दिया है।

दोनों दलों की ओर से सामने आए ये आंकड़े बताते हैं कि सीट बंटवारे की बातचीत में दोनों पक्ष अपने-अपने संगठनात्मक आधार और चुनावी तैयारियों को ध्यान में रखकर दावेदारी पेश कर रहे हैं।

एसपी सिंह पटेल ने उम्मीदवारों को लेकर उठाया सवाल

सपा सांसद ने कांग्रेस की सीट मांग के साथ उसके संभावित उम्मीदवारों को लेकर भी सवाल उठाया। उनका कहना था कि चुनाव में जिस सीट पर गठबंधन के तहत किसी दल को टिकट मिलेगा, वहां उम्मीदवार खड़ा करना संबंधित पार्टी की जिम्मेदारी होगी।

उन्होंने कांग्रेस की 150 सीटों की मांग को लेकर कहा कि चुनाव में सीटों की संख्या के साथ-साथ उन सीटों पर संगठन और प्रत्याशी की स्थिति भी महत्वपूर्ण होती है।

केशव प्रसाद मौर्य के बयान पर भी प्रतिक्रिया

एसपी सिंह पटेल ने उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के कांग्रेस, सपा और बसपा को लेकर दिए गए बयान पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने मौर्य की टिप्पणी की आलोचना करते हुए कहा कि इस तरह की राजनीतिक भाषा से बचना चाहिए।

सपा सांसद ने पिछड़े वर्ग से जुड़े मुद्दों पर भी अपनी पार्टी का पक्ष रखा और राज्य सरकार पर पिछड़े वर्ग के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। ये उनके राजनीतिक आरोप हैं, जिन पर संबंधित पक्ष का अपना अलग दृष्टिकोण हो सकता है।

अक्टूबर में आगे बढ़ सकती है सीट-बंटवारे की बातचीत

सपा और कांग्रेस दोनों ने 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में गठबंधन की संभावना को लेकर सार्वजनिक रूप से सकारात्मक संकेत दिए हैं, लेकिन सीटों की संख्या पर अभी अंतिम सहमति नहीं बनी है। कांग्रेस की ओर से अक्टूबर में सीट बंटवारे को अंतिम रूप दिए जाने की संभावना जताई गई है।

ऐसे में आने वाले दिनों में दोनों दलों के बीच सीटों की संख्या, विधानसभा क्षेत्रों के चयन और संभावित उम्मीदवारों को लेकर बातचीत महत्वपूर्ण होगी। अंतिम तस्वीर शीर्ष नेतृत्व के स्तर पर होने वाली चर्चा के बाद ही स्पष्ट होगी।



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